कल का मौसम 8 जून 2026: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून आगे बढ़ चुका है। इसके प्रभाव से दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत में 7-20 सेमी तक भारी से बहुत भारी बारिश होगी। वहीं पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली-NCR और पश्चिम बंगाल में तेज हवाओं के साथ लू का प्रकोप बढ़ेगा।
देश के 15 से अधिक राज्यों में बारिश-आंधी की चेतावनी
मौसम विभाग (IMD) ने देश के अलग-अलग हिस्सों के लिए एक साथ कई चेतावनी जारी की हैं। एक तरफ जहां दक्षिण भारत के कर्नाटक राज्य में 8 जून से 10 जून के बीच अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट है, वहीं दूसरी तरफ जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली (NCR), उत्तर प्रदेश और राजस्थान में तापमान बढ़ेगा। 11 जून से एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करेगा, जिससे गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है।
| तारीख | मुख्य मौसमी गतिविधि | प्रभावित क्षेत्र |
| कल 8 जून | अत्यधिक भारी बारिश और थंडरस्क्वाल | तटीय कर्नाटक, केरल, ओडिशा, अंडमान और निकोबार |
| परसों 9 जून | भारी बारिश और तेज लू | दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, पश्चिम राजस्थान |
| 10 जून तक | भारी से बहुत भारी बारिश और लू का विस्तार | असम, मेघालय, बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश |
| 11 जून के बाद | नया पश्चिमी विक्षोभ और तापमान में गिरावट | जम्मू-कश्मीर, हिमाचल, उत्तराखंड, पंजाब, दिल्ली-NCR |
राज्यवार मौसम: उत्तर और मध्य भारत के राज्यों का हाल
यूपी में कल का मौसम कैसा रहेगा
उत्तर प्रदेश में इस समय दो अलग-अलग मौसमी सिस्टम काम कर रहे हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश के निचले क्षोभमंडल स्तर में एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र (Cyclonic Circulation) बना हुआ है। इसके साथ ही पूर्वी उत्तर प्रदेश से छत्तीसगढ़ होते हुए तेलंगाना तक एक ट्रफ रेखा गुजर रही है।
- कल सुबह: उत्तर प्रदेश के अधिकांश जिलों में आसमान साफ रहेगा और धूप तेज होगी।
- कल दोपहर: गर्मी का प्रकोप बढ़ेगा। 9 जून से 11 जून के बीच पश्चिमी उत्तर प्रदेश और 9 जून से 10 जून के बीच पूर्वी उत्तर प्रदेश के अलग-अलग इलाकों में लू (Heat Wave) चलने की चेतावनी है।
- शाम तक: धूल भरी तेज हवाएं चल सकती हैं।
- देर रात: मौसम शुष्क बना रहेगा। रात का न्यूनतम तापमान सामान्य से अधिक दर्ज होने की संभावना है।
- IMD द्वारा प्रभावित प्रमुख जिले: गोरखपुर, बलिया, वाराणसी, इलाहाबाद, झाँसी, लखनऊ, कानपुर, आगरा, अलीगढ़, मथुरा, मेरठ, मुरादाबाद, बरेली, सुल्तानपुर और बस्ती के क्षेत्रों में मौसम शुष्क और गर्म रहेगा।
दिल्ली-NCR का मौसम
दिल्ली और आसपास के इलाकों में रहने वाले लोगों को अभी भीषण गर्मी का सामना करना पड़ेगा। IMD के अनुसार उत्तरी हरियाणा और उसके आसपास एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र सक्रिय है।
- कल दोपहर: दिल्ली, चंडीगढ़ और हरियाणा में 8 जून से 11 जून तक अलग-अलग हिस्सों में लू (Heat Wave) की स्थिति बनी रहेगी।
- अगले 24 घंटे: अधिकतम तापमान में 2-3°C की धीरे-धीरे बढ़ोतरी देखी जा सकती है।
- 11 जून के बाद: एक नए पश्चिमी विक्षोभ के आने से दिल्ली-NCR में 11 जून से 13 जून के बीच गरज-चमक के साथ छिटपुट बारिश और 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की उम्मीद है।
राजस्थान में कल का मौसम
राजस्थान के मौसम में इस समय बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है। पिछले 24 घंटे में पूर्वी राजस्थान में अधिकतम तापमान सामान्य से काफी कम (-3.1°C से भी नीचे) दर्ज किया गया था।
- कल 8 जून: पूर्वी राजस्थान में 8 जून से 10 जून के बीच 30-40 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी और छिटपुट स्थानों पर बारिश की संभावना बनी रहेगी।
- अगले 24 घंटे: इसके विपरीत, पश्चिमी राजस्थान में 7 जून से 11 जून तक लगातार लू (Heat Wave) की स्थिति बनी रहेगी। श्रीगंगानगर में पिछले दिनों देश का सबसे अधिक तापमान 44.3°C रिकॉर्ड किया गया था, जहां अभी राहत की उम्मीद नहीं है।
मध्य प्रदेश का मौसम
मध्य प्रदेश के ऊपर से एक ट्रफ रेखा गुजर रही है, जो उत्तर प्रदेश से लेकर तेलंगाना तक फैली हुई है। इसके प्रभाव से राज्य में मिलाजुला मौसम रहेगा।
- कल दोपहर: पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश में 7 जून से 11 जून के बीच गरज, चमक और 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार वाली तेज हवाओं के साथ छिटपुट बारिश होने की संभावना है।
- 10 जून तक: मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की राहत रहेगी, लेकिन 10 जून और 11 जून को पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश के अलग-अलग पॉकेट्स में लू (Heat Wave) चलने की गंभीर चेतावनी जारी की गई है।
बिहार का मौसम
बिहार में पिछले कुछ दिनों में 7-11 सेमी तक भारी बारिश दर्ज की गई है। पूर्वी उत्तर प्रदेश के चक्रवाती सिस्टम का असर बिहार पर भी दिख रहा है।
- कल सुबह से शाम तक: बिहार में 7 जून से 9 जून के बीच गरज-चमक और 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने के साथ बारिश का दौर जारी रहेगा।
- 10 जून तक: मौसम विभाग के अनुसार 10 जून और 11 जून को बिहार में कुछ स्थानों पर थंडरस्क्वाल आ सकता है, जिसमें हवा की रफ्तार 50-60 किमी/घंटा से लेकर 70 किमी/घंटा तक पहुंच सकती है। इस दौरान कुछ इलाकों में भारी बारिश भी होने की संभावना है।
झारखंड का मौसम
झारखंड में मानसून के आगे बढ़ने के लिए स्थितियां अनुकूल हो रही हैं। अगले 3-4 दिनों में मानसून उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के कुछ और हिस्सों में प्रवेश करेगा, जिसका सीधा असर झारखंड पर पड़ेगा।
- कल 8 जून: झारखंड में 7 जून से 10 जून के बीच गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश और 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है।
- 11 जून के बाद: झारखंड में 11 जून और 12 जून को मौसम और खराब हो सकता है। इस दौरान 50-60 किमी/घंटा की रफ्तार से थंडरस्क्वाल चलने की चेतावनी दी गई है। 12-13 जून को राज्य के अधिकांश हिस्सों में व्यापक रूप से बारिश होगी।
छत्तीसगढ़ का मौसम
छत्तीसगढ़ के लिए मौसम विभाग ने अच्छी खबर दी है। अगले 3-4 दिनों में दक्षिण-पश्चिम मानसून के छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल हैं।
- अगले 24 घंटे: राज्य में 8 जून से 11 जून के बीच गरज-चमक के साथ छिटपुट बारिश होगी। इस दौरान हवा की रफ्तार 40-50 किमी/घंटा रहने की संभावना है। पिछले 24 घंटे में राज्य में कुछ जगहों पर 7-11 सेमी भारी बारिश दर्ज की जा चुकी है, जिससे तापमान में गिरावट आई है।

देश के अन्य हिस्सों में मानसून की स्थिति
दक्षिण-पश्चिम मानसून 7 जून 2026 को पश्चिम-मध्य और उत्तर-पूर्वी बंगाल की खाड़ी के कुछ और हिस्सों, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों, पूरे नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा, असम तथा अरुणाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ चुका है।
- तटीय कर्नाटक: यहाँ 8 जून से 10 जून के बीच 20 सेमी से अधिक अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट है।
- केरल और लक्षद्वीप: केरल में पिछले 24 घंटे में 12-20 सेमी तक भारी बारिश हुई है। यहाँ अगले 3 दिनों तक बहुत भारी बारिश जारी रहेगी।
- ओडिशा: ओडिशा में पिछले 24 घंटे में ओलावृष्टि (Hailstorm) दर्ज की गई है। यहाँ 7-8 जून को 50-60 किमी/घंटा की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं (थंडरस्क्वाल) की चेतावनी है।
अगले 24 घंटे में क्या करें और क्या न करें?
मौसम विभाग ने आंधी, लू और भारी बारिश को देखते हुए नागरिकों के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुरक्षा निर्देश जारी किए हैं।
क्या करें?
- तेज धूप से बचें: दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच जितना हो सके घर के अंदर रहें।
- हाइड्रेटेड रहें: प्यास न लगने पर भी लगातार पर्याप्त पानी, ओआरएस या घर में बने पेय (लस्सी, नींबू पानी) का सेवन करें।
- मौसम अपडेट देखें: यात्रा पर निकलने से पहले IMD की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप पर मौसम की ताजा चेतावनी जरूर देख लें।
- मछुआरे सुरक्षित रहें: मछुआरों को सलाह दी जाती है कि वे 7 से 12 जून के बीच बंगाल की खाड़ी, अंडमान सागर, मन्नार की खाड़ी और अरब सागर के तटीय इलाकों में नाव लेकर न जाएं।
- सुरक्षित स्थान पर शरण लें: आंधी या गरज-चमक के समय पक्के मकानों या सुरक्षित इमारतों के अंदर चले जाएं।
क्या न करें?
- पेड़ों के नीचे न खड़े हों: आंधी या बिजली कड़कने के दौरान कभी भी पेड़ों के नीचे या बिजली के खंभों के पास शरण न लें।
- खाली पेट बाहर न निकलें: तेज गर्मी या लू के दौरान खाली पेट बाहर निकलने से बचें, इससे हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है।
- जलभराव वाले क्षेत्रों में न जाएं: भारी बारिश वाले राज्यों (जैसे कर्नाटक और केरल) में निचले इलाकों या जलभराव वाले रास्तों पर गाड़ी चलाने से बचें।
- अफ़वाहों पर ध्यान न दें: मौसम से जुड़ी किसी भी अनधिकृत जानकारी या सोशल मीडिया की अफ़वाहों पर भरोसा न करें।
संक्षेप में कहें तो कल 8 जून 2026 को भारत का मौसम दो बड़े छोरों पर बंटा रहेगा। एक तरफ जहां उत्तर और उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों (दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, पश्चिम राजस्थान, उत्तर प्रदेश) में तापमान बढ़ने और लू (Heat Wave) चलने के कारण भीषण गर्मी का सामना करना पड़ेगा, वहीं दूसरी तरफ दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत में मानसून की सक्रियता के कारण भारी तबाही मचाने वाली बारिश हो सकती है।
मध्य भारत और पूर्वी भारत (बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश) में ट्रफ और चक्रवाती हवाओं के क्षेत्र के कारण गरज-चमक के साथ आंधी-पानी का दौर जारी रहेगा।
मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर भारत के लोगों को गर्मी से असली राहत 11 जून 2026 को आने वाले नए पश्चिमी विक्षोभ के बाद ही मिल पाएगी। तब तक सभी नागरिकों को सतर्क रहने और सरकारी गाइडलाइंस का पालन करने की सलाह दी जाती है।