MP Ka Mausam 26 May 2026: मध्य प्रदेश में गर्मी अब खतरनाक स्तर पर पहुंच चुकी है। बुंदेलखंड, चंबल और बघेलखंड क्षेत्र सबसे ज्यादा तप रहे हैं। खजुराहो और नौगांव में अधिकतम तापमान 45.8°C रिकॉर्ड किया गया, जबकि दतिया, टीकमगढ़ और विदिशा समेत कई जिलों में भीषण लू का असर बना हुआ है।
प्रदेश की राजधानी भोपाल में भी दिन का तापमान सामान्य से ऊपर बना हुआ है और अगले चार दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद कम दिखाई दे रही है।
मौसम विभाग ने प्रदेश के 25 से ज्यादा जिलों में Heat Wave और Severe Heat Wave का अलर्ट जारी किया है।
IMD Bhopal के वैज्ञानिक डॉ. वेद प्रकाश सिंह के अनुसार
इस बार नौतपा की शुरुआत में बुंदेलखंड और चंबल में जैसी स्थिति बन रही है, वह बेहद चिंताजनक है। दिन के साथ-साथ रातों का अत्यधिक गर्म होना (Warm Nights) इस बात का संकेत है कि इस साल गर्मी के कई पुराने रिकॉर्ड टूट सकते हैं। लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतें।
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एमपी का मौसम: मुख्य बिन्दु (26 मई)
- सबसे गर्म शहर: खजुराहो और नौगांव – 45.8°C
- सबसे ठंडा इलाका: पचमढ़ी – 19.2°C (न्यूनतम तापमान)
- भोपाल का हाल: अधिकतम तापमान 42.7°C (सामान्य से 1.5°C ज्यादा)
- मौसम का विरोधाभास: एक तरफ भीषण लू, तो दूसरी तरफ बड़वानी-बुरहानपुर में हल्की बारिश।
- मुख्य कारण: उत्तर-पश्चिम दिशा से आ रही लगातार गर्म और शुष्क हवाएं।
मध्य प्रदेश के 5 सबसे गर्म शहर
| शहर / जिला | अधिकतम तापमान (°C) | मौसम की स्थिति |
| खजुराहो / नौगांव | 45.8°C | भीषण लू (Severe Heat Wave) |
| दतिया | 45.0°C | भीषण लू (Severe Heat Wave) |
| टीकमगढ़ | 44.8°C | Severe Heat Wave अलर्ट |
| विदिशा | 44.3°C | लू का प्रकोप (Heat Wave) |
| सतna / सागर / दमोह | 44.2°C | लू का प्रकोप (Heat Wave) |
रातें भी हुईं गर्म, बढ़ी बेचैनी
दिन की तपिश के साथ-साथ अब रातें भी लोगों को बीमार कर रही हैं। छिंदवाड़ा, दतिया और गुना में न्यूनतम तापमान सामान्य से काफी अधिक दर्ज किया गया।
खासकर ग्वालियर संभाग में रात का तापमान सामान्य से लगभग 4.5°C ऊपर रहा, जिससे लोगों को रात में भी गर्म हवाओं और भारी उमस का सामना करना पड़ रहा है।
कहीं बारिश तो कहीं धूल भरी आंधी
जहां एक तरफ पूरा प्रदेश भीषण गर्मी से उबल रहा है, वहीं इंदौर संभाग के कुछ इलाकों में मौसम का एक अलग ही रूप (विरोधाभास) देखने को मिला है:
- कहाँ हुई बारिश?: वरला (बड़वानी) में 12.0 मिमी और बुरहानपुर में 6.4 मिमी बारिश गरज-चमक के साथ दर्ज की गई। देवास और धार में भी हल्की बूंदाबांदी (ट्रेस) हुई।
- धूल का तूफान (Duststorm): बड़वानी और सीहोर में 41 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज आंधी चली। वहीं देवास, दक्षिणी खरगोन और दक्षिणी सीहोर में धूल भरी आंधी के कारण दृश्यता (Visibility) काफी कम हो गई, जिससे सड़कों पर वाहनों को चलने में खासी परेशानी हुई।
अगले 4 दिनों का मौसम पूर्वानुमान
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, 29 मई 2026 तक मध्य प्रदेश में अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होने वाला है (No Large Change)। यानी अगले चार दिनों तक कड़ाके की धूप और लू का दौर इसी तरह जारी रहेगा।

राहत की उम्मीद कब?
- तापमान में गिरावट: 4 दिनों के बाद प्रदेश के तापमान में 3-4°C तक की गिरावट आने की संभावना है।
- नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance): 28 मई के आसपास उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया डब्ल्यूडी सक्रिय हो रहा है, जिसका असर मध्य प्रदेश पर भी दिखेगा और नौतपा के आखिरी दिनों में राहत मिल सकती है।
- मानसून की ताजा स्थिति: दक्षिण-पश्चिम मानसून तेजी से आगे बढ़ रहा है। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल हैं, जिससे उम्मीद है कि जून के मध्य तक मानसून एमपी में दस्तक दे देगा।
जनता और किसानों के लिए जरूरी गाइडलाइन
आम जनता के लिए (Health Tips)
- दोपहर में बचाव: दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच बहुत जरूरी न हो तो घर से बाहर न निकलें।
- देसी हाइड्रेशन: शरीर में पानी की कमी (Dehydration) न होने दें। पानी के साथ-साथ ओआरएस (ORS), छाछ, लस्सी, नींबू पानी और तोरानी (चावल का पानी) का अधिक सेवन करें।
- पहनावा: हल्के रंग के, ढीले सूती कपड़े पहनें। बाहर जाते समय सिर को गमछे, टोपी या छाते से जरूर ढकें।
- विशेष सावधानी: बच्चों, बुजुर्गों और पालतू जानवरों को बंद गाड़ियों में अकेला न छोड़ें। अस्वस्थ महसूस होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
अन्नदाताओं और पशुपालकों के लिए विशेष सलाह
- फसलों की सिंचाई: फसलों में हल्की और बार-बार सिंचाई करें। पानी के वाष्पीकरण को रोकने के लिए केवल सुबह या शाम के समय ही पानी दें। नमी बनाए रखने के लिए मल्चिंग का प्रयोग करें।
- छिड़काव से बचें: दोपहर की तेज धूप और गर्मी के दौरान फसलों पर किसी भी तरह के उर्वरक या कीटनाशकों का छिड़काव बिल्कुल न करें।
- पशुधन की सुरक्षा: मवेशियों को हवादार और छायादार शेड में बांधें। उन्हें दिन में 3-4 बार साफ और ठंडा पानी पिलाएं। चारे में खनिज मिश्रण (Mineral Mixture) और नमक जरूर मिलाएं। दोपहर 12 से 4 बजे के बीच पशुओं को चराने बाहर न ले जाएं।
मध्य प्रदेश में फिलहाल नौतपा जैसी स्थिति बनी हुई है। बुंदेलखंड, चंबल और बघेलखंड क्षेत्र सबसे ज्यादा गर्मी झेल रहे हैं। अगले कुछ दिनों तक लू से राहत मिलने की संभावना कम है। लोगों को सलाह दी जाती है कि वे मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखें और गर्मी से बचाव के उपाय जरूर अपनाएं।