यूपी का मौसम (8 मई 2026): उत्तर प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। IMD लखनऊ के अनुसार, प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है।
पिछले 24 घंटों में जालौन, झांसी और महाराजगंज समेत कई इलाकों में प्री-मानसून गतिविधियां देखने को मिलीं।
वहीं, आगरा संभाग में तापमान 4 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा बढ़ गया है। आज कई जिलों में धूल भरी आंधी और छिटपुट बारिश लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है।

यूपी में आज का मौसम कैसा रहेगा (8 मई 2026)
- पश्चिमी यूपी (नोएडा, मेरठ, आगरा): यहाँ मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहेगा, लेकिन ब्रज क्षेत्र में धूप तेज होने से उमस बढ़ सकती है। छिटपुट स्थानों पर तेज हवाएं चलने का अनुमान है।
- बुंदेलखंड (झांसी, बांदा, ललितपुर): पिछले कुछ घंटों में गरौठा (झांसी) में बारिश के बाद आज यहाँ बादल छाए रह सकते हैं। तापमान 38°C के आसपास रहेगा।
- पूर्वांचल (वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज): यहाँ कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की प्रबल संभावना है। नमी बढ़ने से गर्मी से राहत तो मिलेगी, लेकिन उमस परेशान करेगी।
- तराई क्षेत्र (लखीमपुर, बहराइच, पीलीभीत): हिमालय की तलहटी से सटे इन इलाकों में ठंडी हवाओं के साथ हल्की बारिश की संभावना है, जिससे रात के तापमान में गिरावट आएगी।
यूपी में वर्तमान सक्रिय मौसम प्रणालियां
वर्तमान में उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश और उससे सटे उत्तराखंड के ऊपर एक कम दबाव का क्षेत्र (Cyclonic Circulation) बना हुआ है।
बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और पछुआ हवाओं के टकराने से बादलों का निर्माण हो रहा है। यही कारण है कि मई की भीषण गर्मी के बीच अचानक आंधी और बारिश की स्थिति बन रही है।
10 मई से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने वाला है। इससे मौसम और बदल सकता है।
यूपी के प्रमुख जिलों में मौसम का हाल
लखनऊ का मौसम: बादलों की आवाजाही जारी
राजधानी में आज आसमान में बादलों का डेरा रहेगा। IMD के अनुसार, शाम तक हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। बिजली की मांग में उतार-चढ़ाव संभव है, इसलिए जरूरी काम समय पर निपटा लें।
वाराणसी का मौसम: उमस भरी गर्मी से राहत
काशी और आसपास के इलाकों में धूल भरी आंधी के बाद हल्की बारिश के आसार हैं। गंगा किनारे के इलाकों में शाम को मौसम सुहावना रहेगा, जिससे पर्यटन और स्थानीय बाजारों में रौनक बढ़ेगी।
झांसी का मौसम: खेती के लिए राहत की बूंदें
बुंदेलखंड के झांसी और जालौन में हालिया बारिश ने मिट्टी में नमी बढ़ाई है। यह समय जायद की फसलों (जैसे मूंग, उड़द) के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है।
नोएडा/गाजियाबाद: धूल भरी हवाएं
एनसीआर के इलाकों में आज तेज गर्म हवाएं (लू जैसी स्थिति) चलने की संभावना है। निर्माण कार्यों से जुड़े लोग और दोपहिया वाहन चालक सावधानी बरतें।
गोरखपुर का मौसम: पूर्वांचल में बारिश का अलर्ट
गोरखपुर मंडल में आज गरज-चमक के साथ बारिश होने की 40% संभावना है। ग्रामीण क्षेत्रों में कच्ची छतों और खुले में रखे अनाज को सुरक्षित रखने की सलाह दी जाती है।
प्रयागराज का मौसम: तापमान में बढ़ोत्तरी
संगम नगरी में गर्मी का असर तेज रहेगा। यहाँ का अधिकतम तापमान 37-38 डिग्री के आसपास रहने का अनुमान है, जिससे दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा दिख सकता है।
यूपी के प्रमुख शहरों का संभावित तापमान (8 मई 2026)
| शहर | अधिकतम तापमान | न्यूनतम तापमान | मौसम की स्थिति |
| लखनऊ | 29°C | 23°C | बादल/हल्की बारिश |
| कानपुर | 31°C | 24°C | आंशिक बादल |
| वाराणसी | 34°C | 25°C | गरज-चमक के साथ बौछार |
| प्रयागराज | 37°C | 26°C | तेज धूप/गर्म हवा |
| आगरा | 38°C | 27°C | गर्म और शुष्क |
| मेरठ | 32°C | 22°C | साफ मौसम |
| झांसी | 38°C | 25°C | उमस भरी गर्मी |
| गोरखपुर | 30°C | 23°C | बारिश की संभावना |
| नोएडा | 35°C | 26°C | धूल भरी आंधी |
| बरेली | 28°C | 21°C | सुहावना मौसम |
मौसम विभाग की विशेष सलाह
- किसानों के लिए: जहाँ बारिश हुई है, वहाँ सिंचाई रोक दें। आम के बागों वाले किसान कीटों के हमले से बचने के लिए निगरानी बढ़ाएं।
- यात्रियों के लिए: दोपहर 12 से 3 बजे के बीच लंबी यात्रा से बचें। आंधी आने पर पेड़ या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।
- स्वास्थ्य: तापमान में उतार-चढ़ाव के कारण मौसमी बीमारियों का खतरा है, ताज़ा भोजन और पर्याप्त पानी का सेवन करें।
यूपी का मौसम 8 मई (FAQ)
IMD के शुरुआती संकेतों के अनुसार, यूपी में मानसून जून के तीसरे हफ्ते (15-20 जून) तक पहुंचने की उम्मीद है।
नहीं, लखनऊ में आज बादल छाए रहने और हल्की बारिश की संभावना है, जिससे लू जैसी स्थिति नहीं रहेगी।
पश्चिमी यूपी में अगले 2-3 दिनों तक मौसम शुष्क रहने का अनुमान है, बारिश की संभावना 11 मई के बाद बन सकती है।
अगले 24 घंटों में पूर्वांचल और तराई क्षेत्रों में बारिश के कारण तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट आएगी।
हाँ, विशेषकर पूर्वांचल और अवध क्षेत्र के जिलों में 30-40 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।